प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) का भारत में बुलेट ट्रेन (Bulet Train In India) चलाने का सपना जल्द ही साकार होने वाला है। भारत में बुलेट ट्रेन चलाने की कवायद तेज हो गई है। इस कड़ी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने जापान के साथ समझौता करते हुए सबसे पहले महाराष्ट्र एवं गुजरात के बीच बुलेट ट्रेन चलाने का निश्चय किया है। इस रूट पर बुलेट ट्रेन चलाने के लिए आधारभूत संरचना का विकास कार्य जारी है। इस कड़ी में 700 से अधिक पोल लग भी चुके हैं। वहीं दूसरी ओर झारखंड (Jharkhand) और बिहार (Bihar) के लोगों के लिए भी बुलेट ट्रेन से जुड़ी एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है, जिसके मद्देनजर इन राज्यों में भी बुलेट ट्रेन जल्द ही पटरी पर दौड़ती नजर आएगी।
वाराणसी-हावड़ा बुलेट ट्रेन का रूट
गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस सपने को लेकर पिछले दिनों रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव (Railway Minister Ashwini Vaishnaw) ने हाई लेवल पर मीटिंग भी की थी। इस दौरान उन्होंने वाराणसी और हावड़ा के बीच चलाई जाने वाली बुलेट ट्रेन के सर्वे काम को पूरा किए जाने की सूचना जारी करते हुए कई अहम जानकारियां दी। उन्होंने बताया हावड़ा वाराणसी कॉरिडोर पर जब बुलेट ट्रेन (Varanasi-Howrah Bullet Train) चलेगी, तो यह झारखंड से होकर गुजरेगी। हाई लेवल स्पीड रेलवे ट्रैक (High Speed Railway Track) बिछाने के काम में भी तेजी आ गई है।
बुलेट ट्रेन के रेलवे ट्रैक के मद्देनजर कई राज्यों में एक्सप्रेसवे और हाई स्पीड रेल परियोजना के काम में तेजी आ गई है। वाराणसी हावड़ा के बीच जो हाई स्पीड रेल चलेगी उसकी स्पीड करीबन 260 किलोमीटर प्रति घंटा बताई जा रही है। बुलेट ट्रेन शुरू होने पर हावड़ा से वाराणसी का सफर सिर्फ 5 घंटे में तय किया जा सकेगा। यह ट्रेन झारखंड के कोडरमा हजारीबाग गिरिडीह धनबाद के रास्ते हावड़ा तक जाएगी।
बात बुलेट ट्रेन के बिहार रूट की करें तो बता दे यह बिहार के सासाराम और गया से होकर गुजरेगी। ऐसे में यह साफ है कि यह वाराणसी हावड़ा के बीच चलने वाली ट्रेन झारखंड और बिहार के कई जिलों को आपस में जोड़ेगी। मालूम हो कि यह वाराणसी में काशी विश्वनाथ की नगरी पर्यटन स्थल से बिहार में गया भगवान बुद्ध और विष्णु की नगरी से होकर गुजरेगी। इस कड़ी में गया रेलवे स्टेशन को वर्ल्ड क्लास बनाने की योजना चल रही है।