story about the only woman Ashok Chakra awardee
गर्व! वो बहादुर महिला जवान जो निहत्थी ही आतंकियों से जा भिड़ी, 11 गोलियां खाकर की संसद की रक्षा
दिनांक 13 दिसंबर, 2001, समय सुबह के 11 बजकर 40 मिनट…संसद भवन के प्रांगड़ में गुंजने वाली गोलियों की आवाज ने पूरे देश को ...








